NHRC Andhra Pradesh: एनएचआरसी ने आंध्र प्रदेश में कथित मिलावटी दूध के कारण हुई 16 मौतों का संज्ञान लिया: विस्तृत रिपोर्ट तलब
NHRC Andhra Pradesh: एनएचआरसी ने आंध्र प्रदेश में कथित मिलावटी दूध के कारण हुई 16 मौतों का संज्ञान लिया: विस्तृत रिपोर्ट तलब
नई दिल्ली। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने आंध्र प्रदेश के पूर्वी गोदावरी जिले में कथित तौर पर मिलावटी दूध पीने से 16 लोगों की मौत के मामले का स्वतः संज्ञान लिया है। आयोग ने इसे मानवाधिकार का गंभीर उल्लंघन मानते हुए राज्य के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक को नोटिस जारी किया है और दो सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। रिपोर्ट में मृतकों की स्वास्थ्य स्थिति, जांच की प्रगति और पीड़ित परिवारों को दिए गए मुआवजे की जानकारी शामिल करनी होगी।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस दूध में एथिलीन ग्लाइकॉल जैसे जहरीले रसायन की मिलावट की आशंका जताई जा रही है। इस विषैले पदार्थ के सेवन से पीड़ितों के शरीर के कई अंगों ने काम करना बंद कर दिया, जिससे मौतें हुईं। इस घटना में कम से कम चार अन्य लोग गंभीर स्थिति में अस्पताल में इलाजरत हैं। यह हादसा जिले के लालाचेरुवु, चौदेश्वरनगर और स्वरूपनगर इलाकों में फरवरी के मध्य से शुरू हुई रहस्यमयी बीमारी का हिस्सा है।
प्रारंभिक जांच में नरसापुरम गांव स्थित एक डेयरी को मिलावटी दूध का संभावित स्रोत बताया गया है, जो आसपास के 100 से अधिक घरों में दूध की आपूर्ति करती थी। प्रभावित लोगों में ज्यादातर बुजुर्ग और छोटे बच्चे हैं। पीड़ितों में पेट दर्द, उल्टी, पेशाब न आना और किडनी फेल होने जैसे गंभीर लक्षण देखे गए।
एनएचआरसी ने राज्य सरकार से सख्त कदम उठाने, दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई तेज करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। आयोग की यह पहल यह सुनिश्चित करेगी कि नागरिकों के स्वास्थ्य और जीवन के अधिकार की रक्षा हो और राज्य स्तर पर मिलावटी खाद्य पदार्थों पर कड़ी निगरानी बढ़े।
इस मामले ने पूरे देश में खाद्य सुरक्षा और मिलावट के खिलाफ जागरूकता बढ़ाने की जरूरत को उजागर किया है।