Faridabad Jail Murder: फरीदाबाद जेल में संदिग्ध आतंकी अब्दुल रहमान की हत्या, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल
Faridabad Jail Murder: फरीदाबाद जेल में संदिग्ध आतंकी अब्दुल रहमान की हत्या, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल
हरियाणा के फरीदाबाद स्थित नीमका जेल में बंद संदिग्ध आतंकी अब्दुल रहमान की जेल के भीतर हत्या किए जाने से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। देर रात करीब दो बजे हुई इस वारदात में साथी कैदी अरुण चौधरी पर नुकीले हथियार से हमला कर रहमान की हत्या करने का आरोप है। घटना के सामने आने के बाद जेल की सुरक्षा व्यवस्था, निगरानी तंत्र और कैदियों के बीच संभावित साजिशों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। अब्दुल रहमान का नाम अयोध्या में बने राम मंदिर को बम से उड़ाने की बड़ी आतंकी साजिश से जुड़ा हुआ था, जिसके चलते यह मामला पहले से ही हाई प्रोफाइल माना जा रहा था।
अब जेल के भीतर उसकी हत्या ने जांच एजेंसियों की चिंता और बढ़ा दी है। बताया जा रहा है कि अब्दुल रहमान मूल रूप से जम्मू-कश्मीर के कठुआ का रहने वाला था और उसे गुजरात एटीएस व हरियाणा एसटीएफ की संयुक्त कार्रवाई में बीते साल 2 मार्च को गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारी के बाद से ही वह नीमका जेल में बंद था। वहीं, आरोपी कैदी अरुण चौधरी को भी आतंकी गतिविधियों से जुड़े मामलों में गिरफ्तार किया गया था और वर्ष 2024 में उसे इसी जेल में शिफ्ट किया गया था। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, देर रात हुए हमले के बाद जेल स्टाफ को घटना की भनक लगी, लेकिन तब तक अब्दुल रहमान की मौत हो चुकी थी।
फिलहाल हत्या के पीछे की असली वजह साफ नहीं हो पाई है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि क्या दोनों कैदियों के बीच किसी तरह की आपसी रंजिश थी, या फिर यह हत्या किसी बड़ी आतंकी साजिश का हिस्सा थी। जेल प्रशासन ने पूरे मामले की आंतरिक जांच शुरू कर दी है और सुरक्षा में हुई चूक की भी समीक्षा की जा रही है। इस घटना के बाद राज्य की जेलों में बंद हाई रिस्क कैदियों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर नई रणनीति बनाने की जरूरत महसूस की जा रही है।