Mukundpur Cylinder Blast: दिल्ली के मुकुंदपुर में सिलेंडर ब्लास्ट के बाद ढही बिल्डिंग, तीन लोगों को बचाया गया, मलबे में एक के फंसे होने की आशंका
Mukundpur Cylinder Blast: दिल्ली के मुकुंदपुर में सिलेंडर ब्लास्ट के बाद ढही बिल्डिंग, तीन लोगों को बचाया गया, मलबे में एक के फंसे होने की आशंका
राजधानी दिल्ली के मुकुंदपुर इलाके में मंगलवार को हुए एक संदिग्ध एलपीजी सिलेंडर ब्लास्ट के बाद बड़ा हादसा हो गया। धमाका इतना जबरदस्त था कि एक इमारत पूरी तरह ढह गई। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और चारों तरफ चीख-पुकार सुनाई देने लगी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग और बचाव दल मौके पर पहुंच गए और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया।
दिल्ली पुलिस के अनुसार हादसे में अब तक छह लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई है। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घायलों की स्थिति के बारे में डॉक्टरों की मेडिकल जांच के बाद ही स्पष्ट जानकारी मिल पाएगी।
स्थानीय लोगों के मुताबिक जिस इमारत में हादसा हुआ, वहां बर्तन पॉलिश करने का काम किया जाता था। शुरुआती जानकारी के अनुसार हादसे की वजह एलपीजी सिलेंडर ब्लास्ट मानी जा रही है। धमाके के बाद पूरी इमारत भरभराकर गिर गई, जिससे वहां मौजूद लोग मलबे में दब गए।
बचाव दल ने तेजी से राहत कार्य चलाते हुए मलबे में फंसे तीन लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने बताया कि स्थानीय लोगों ने भी हादसे के तुरंत बाद साहस दिखाते हुए खुद मलबा हटाने का प्रयास शुरू कर दिया था। इसके बाद पुलिस और रेस्क्यू टीम ने संयुक्त अभियान चलाकर घायलों को बाहर निकाला।
हालांकि अभी भी एक व्यक्ति के मलबे में फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। बचाव दल लगातार सर्च ऑपरेशन चला रहा है और मलबे को हटाने का काम जारी है। इलाके में भारी संख्या में पुलिस बल और राहत टीमें तैनात हैं ताकि किसी भी तरह की आपात स्थिति से निपटा जा सके।
इस हादसे के बाद इलाके के लोगों में दहशत का माहौल है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि धमाका इतना तेज था कि आसपास की इमारतें भी हिल गईं। कई लोगों ने बताया कि उन्होंने जोरदार आवाज सुनी और बाहर निकलकर देखा तो पूरी बिल्डिंग मलबे में तब्दील हो चुकी थी।
गौरतलब है कि हाल ही में दक्षिण दिल्ली के महरौली थाना क्षेत्र के सैदुलाजाब इलाके में भी एक पांच मंजिला इमारत ढहने का बड़ा हादसा हुआ था। उस हादसे में भी कई लोग मलबे में दब गए थे और जानमाल का भारी नुकसान हुआ था। लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं ने राजधानी में इमारतों की सुरक्षा व्यवस्था और गैस सिलेंडर सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
फिलहाल पुलिस और प्रशासन पूरे मामले की जांच में जुटे हुए हैं। हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए तकनीकी जांच भी की जा रही है।